Jat Pariwar

समाज के लिए एक प्रयास, आईये आप भी जुडिये हमारे साथ

जाट सभा चंडीगढ़ बाढ़ पीड़ितों की मदद के लिए आगे आई, चंड़ीगढ़ व कटरा में रहने खाने की व्यवस्था फ्री होगी

चंडीगढ़- पंजाब, हरियाणा, जम्मू कश्मीर और हिमाचल प्रदेश में बाढ़ ने बहुत कहर बरपाया है । बहुत से लोग व समाज व विभिन्न धर्म के लोग बाढ़ पीडितों की मदद को आगे आए है । इसी कड़ी में जाट समाज ने भी पहल करते हुए बाढ़ पीड़ितों के लिए मदद का हाथ आगे बढ़ाते हुए उनके ठहरने और खाने पीने का इंतजाम किया है। इसके साथ ही साथ समाज के लोगों ने यूक्रेन युद्ध में फंसे भारतीयों को सुरक्षित वापस भारत लाए जाने की मांग भी की है। 

jat sansad chandigarh

जाट भवन चड़ीगढ़ में रुकने की व्यवस्था की 

जाट सभा चंड़ीगढ़ और पंचकूला की बैठक का आयोजन किया गया । बैठक में हुए फैसलों की जानकारी देते हुए पूर्व पुलिस महानिदेशक डा. महेंद्र मलिक ने बताया कि जाट समाज हमेशा जरुरत पड़ने पर मदद का हाथ आगे बढ़ाया है। आज जब हमारे हरियाणा, पंजाब औप हिमाचल के भाई बाढ़ जैसी विपदा का सामना कर रहे है तो हम कैसे पीछे रह सकते है इसीलिए बैठक में निर्णय लिया गया है कि जाट भवन चंड़ीगढ़ में बाढ़ पीड़ितों के लिए विशेष रुप से रहने और खाने की व्यवस्था की जाएगी। 

यह भी पढ़े- राजस्थान और हरियाणा के जाटों में क्या अंतर है?

पंचकूला व कटरा में निशुल्क व्यवस्था 

बाढ़ पीड़ितों के लिए राहत का हाथ बढ़ाते हुए जाट सभा ने फैसला लिया है कि जाट भवन पंचकूला और जम्मू कश्मीर में कटरा में बाढ़ प्रभावित परिवारों के लिए नि:शुल्क रहने और खाने की व्यवस्था की गई है। इसके अलावा मेडिकल की भी मदद की जाएगी ताकि लोगों के मेडिकल में छोटी मोटी बीमारी के लिए परेशान ना होना पड़े। 

क्या कहा जाट सभा के प्रधान महेंद्र मलिक ने 

इस अवसर पर जाट सभा के प्रधान महेंद्र मलिक ने हरियाणा सरकार से अपील करते हुए कहा कि बाढ़ में लोगों का बहुत नुकसान हुआ है। उन्हें एक नए सिरे से अपने जीवन की शुरुआत करनी होगी जिसके कारण बाढ़ प्रभावितों को सरकार की और से दी जाने वाली आर्थिक मदद को बढ़ाया जाना चाहिए । इसके साथ ही साथ अगर बाढ़ में किसी की मौत हो गई है तो उसके परिवार को 50 लाख रुपए की आर्थिक मदद दी जानी चाहिए । इसके अलावा उन्होंने मांग की है कि बाढ़ के कारण होने वाली किसी मेडिकल स्थिति में पूरा मेडिकल का खर्च सरकार को उठाना चाहिए। 

इसके अलावा उन्होंने कहा कि किसी का मकान क्षतिग्रस्त होने पर कम से कम दो लाथ रुपए, फसल बर्बाद होने पर प्रति एकड़ 50 हजार से लेकर 80 हजार रूपए तक सहायता प्रदान करने की अपील की है। 

किसान मसीहा छोटूराम की प्रतिमा को पुष्प अर्पित कर दी श्रद्धांजलि 

इस अवसर पर बैठक में आए हुए सभी लोगों ने चौधरी छोटूराम की प्रतिमा को श्रद्धांजलि अर्पित की । इसके अलावा आए हुस सभी लोगों ने बैठक में रूस व यूक्रेन युद्ध में फंसे  हुए भारतीय नौजवानों को सुरक्षित भारत लाने के लिए भी चर्चा की व निर्णय लिया कि इस संबंध में भारत सरकार व हरियाणा सरकार को पत्र लिखा जाएगा ताकि सरकार इस समस्यां पर भी ध्यान दे। और नौजवानों के भारत वापिस लेकर आए। 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *